भाजपा सरकार की जनविरोधी नीतियों और भ्रष्टाचार के खिलाफ कांग्रेस ने खोला मोर्चा

मथुरा। उत्तर प्रदेश कांग्रेस नेतृत्व के निर्देश पर भाजपा सरकार के कथित भ्रष्टाचार, घोटालों एवं जनविरोधी नीतियों के विरोध में जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा सेठवाड़ा स्थित कार्यालय पर प्रेस वार्ता आयोजित की गई।

प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष मुकेश धनगर ने कहा कि उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। उन्होंने महोबा जनपद की दलित छात्रा के अपहरण और दुष्कर्म प्रकरण का उल्लेख करते हुए कहा कि छात्रा को 16 दिनों तक बंधक बनाकर अमानवीय यातनाएं दी गईं, लेकिन सरकार का कोई प्रतिनिधि पीड़िता के घर तक नहीं पहुंचा।
उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश की भाजपा सरकार भ्रष्टाचार में आकंठ डूबी हुई है। उन्होंने कहा कि हाल ही में आगरा नगर निगम में प्राइवेट बिजली कंपनी टोरंटो का 430 करोड़ रुपये का बकाया माफ किया गया। इससे पहले भी हजारों करोड़ रुपये पूंजीपतियों के माफ किए गए हैं। कांग्रेस लगातार “काम लो और चंदा दो” की नीति तथा ईडी और आयकर छापों के जरिए वसूली के आरोप भाजपा पर लगाती रही है।
मुकेश धनगर ने कहा कि यदि भाजपा सरकार वास्तव में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करना चाहती है तो उसे अपने मंत्रियों और विधायकों की संपत्तियों की निष्पक्ष जांच करानी चाहिए। इससे पिछले नौ वर्षों में हुई कथित लूट उजागर हो जाएगी। उन्होंने आरोप लगाया कि मिड डे मील, सड़क निर्माण, अस्पतालों की दवाइयों और मनरेगा सहित विभिन्न योजनाओं में भ्रष्टाचार व्याप्त है। यहां तक कि अयोध्या के विकास कार्यों और मंदिर चंदे में भी अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं।
कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि पंचायतों से लेकर विभिन्न सरकारी विभागों तक बिना कमीशन कोई कार्य नहीं हो रहा है, जिससे आम जनता में भारी आक्रोश है। उन्होंने कहा कि भाजपा और आरएसएस की नीतियों ने प्रदेश की जनता को महंगाई, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और प्रशासनिक उदासीनता से परेशान कर दिया है।
प्रेस वार्ता में जिला कांग्रेस महामंत्री वैद्य मनोज गौड़, जिला उपाध्यक्ष आदित्य तिवारी एडवोकेट, गौरांग अग्रवाल, महेश चौबे, प्रवक्ता उमाशंकर शर्मा, रमेश कश्यप और राजेश सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।