प्रजापिता ब्रह्माकुमारी : गुरु दक्षिणा में लिया वृक्षों के संरक्षण का संकल्प

मथुरा। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय सेवा केंद्र के स्थानीय सेवा केंद्र रिफाइनरी नगर द्वारा गुरु पूर्णिमा पर्व बहुत ही हर्षोल्लास और प्रकृति संरक्षण के संकल्प के साथ मनाया गया।
सेवा केंद्र प्रभारी राजयोगिनी बी के कृष्णा दीदी नें गुरु पूर्णिमा का आध्यात्मिक अर्थ बताते हुए स्पष्ट किया कि मनुष्य एक दूसरे के लिए शिक्षक या गुरु बन सकते हैं किंतु सृष्टि के आदि मध्य अंत का सत्य ज्ञान देकर सभी आत्माओं को गति और सद्गति देने वाले गुरुओं के भी गुरु,परमसद्गुरु केवल एक परमपिता परमात्मा ही कहलाते है।
उन्होंने बताया कि इस जगत में केवल तीन ही अविनाशी सत्ता है और वह हैं आत्मा, परमात्मा और प्रकृति। सृष्टि के आदि से लेकर अंत तक प्रकृति मानव की पालना करती है अतः हम सब को भी प्रकृति की पालना करनी चाहिए और संरक्षण करना चाहिए। इसी क्रम में उन्होंने सभी भाई बहनों को फलदार वृक्ष वितरित किए और उनकी पालना का संकल्प लिया। आयोजन में लघु नाटिका गीत कविता आदि की मनमोहक प्रस्तुतियां रही। मंच संचालन बी के मनोज भाई नें किया जबकि आयोजन को सफल बनाने मे बी के पूजा, बी के मनोहर, कमल भाई, बॉबी भाई, आलोक भाई का विशेष योगदान रहा।