हाइवे किनारे पंचायत की जमीन पर कब्जे का खेल बेनकाब, 1700 गज सरकारी भूमि से माफिया खदेड़े गए
महुअन में पंचायत भूमि बचाने उतरा प्रशासन, कॉलोनी की तैयारी पर चला प्रशासन का बुलडोजर
फरह। हाइवे से सटी महुअन ग्राम पंचायत की बेशकीमती जमीन पर लंबे समय से नजर गड़ाए बैठे कब्जाधारियों के मंसूबों पर प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए पानी फेर दिया। राजस्व और पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर पंचायत भूमि से अवैध कब्जा हटाया और सीमांकन कर भूमि को पुनः सुरक्षित कराया।
जानकारी के अनुसार हाइवे किनारे स्थित ग्राम पंचायत महुअन की लगभग 1700 गज भूमि पीली मिट्टी मद में दर्ज है। आरोप है कि कुछ लोगों ने इस जमीन में मिट्टी भराव कर कब्जे की स्थिति बना ली थी तथा पीछे स्थित खेतों तक रास्ता तैयार कर लिया गया था। मामले की जानकारी मिलने पर ग्राम प्रधान प्रतिनिधि देवेंद्र ने तहसील प्रशासन एवं एसडीएम सदर से शिकायत की।
शिकायत पर तत्काल संज्ञान लेते हुए एसडीएम सदर ने कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद राजस्व विभाग और थाना पुलिस संयुक्त रूप से मौके पर पहुंची और अवैध कब्जा हटाते हुए सीमांकन की कार्रवाई पूरी की।
स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि कथित कॉलोनाइजरों की नजर पंचायत भूमि के सहारे पीछे के खेतों तक पहुंच बनाकर कॉलोनी विकसित करने पर थी। बताया जा रहा है कि कुछ किसानों से जमीन बिक्री को लेकर एग्रीमेंट की भी चर्चाएं रहीं। हालांकि संबंधित क्षेत्र ग्रीन जोन में होने के कारण यहां आवासीय और व्यावसायिक गतिविधियां प्रतिबंधित हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि इससे पहले भी पूर्व प्रधान प्रताप चौधरी के कार्यकाल में इसी भूमि से कब्जा हटाने की कार्रवाई हो चुकी है।