श्रृंगेरी (कर्नाटक) । कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के एक बयान को लेकर बुधवार को उन पर निशाना साधा और सवाल किया कि क्या कर्नाटक के बेटे-बेटियां अपने प्रदेश को नहीं चला सकते। उन्होंने राहुल गांधी को लोकसभा की सदस्यता से अयोग्य ठहराए जाने का उल्लेख करते हुए उम्मीद जताई कि जिस तरल से 1978 में चिकमगलूर के लोगों ने इंदिरा गांधी को यह आत्मविश्वास दिया था कि जनता उनके साथ है, उसी तरल का आत्मविश्वास देश के लोग राहुल गांधी को भी देंगे।
प्रियंका गांधी ने यहां एक चुनावी सभा में कर्नाटक की सरकार पर 1.5 लाख करोड़ रुपये की लूट का आरोप लगाया और लोगों का आह्वान किया कि वे कांग्रेस की सरकार बनाएं ताकि उनके हित में काम हो सके। कांग्रेस महासचिव ने अमित शाह का नाम लिए बगैर कहा, ‘‘सरकार के बड़े-बड़े मंत्री कहते हैं कि यह प्रदेश हमें सौंप दो, वो आपके उम्मीदवारों को आपके सामने खड़ा करके कहते हैं कि इनको मत पूछिये, अपना प्रदेश प्रधानमंत्री जी को सौंप दीजिए। ऐसा क्यों? क्या बसवन्ना जी, नारायण गुरू जैसे महापुरुषों के बेटे और बेटियां अपना प्रदेश नहीं चला सकते?’’
कांग्रेस ने कर्नाटक में अमित शाह के चुनाव प्रचार का एक वीडियो जारी किया है जिसमें वह यह कहते सुने जा सकते हैं कि यह विधानसभा चुनाव केवल एक विधायक चुनने के लिए नहीं बल्कि राज्य के भविष्य को प्रधानमंत्री मोदी के हाथों में सौंपने के लिए है
प्रियंका गांधी ने यह भी कहा कि कांग्रेस ने कर्नाटक में चुनावी वादे नहीं किए हैं, बल्कि गारंटी दी है तथा सरकार बनने के बाद इस पर अमल शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने कांग्रेस की चुनावी ‘गारंटी’ का उल्लेख भी किया।
उल्लेखनीय है कि कांग्रेस द्वारा घोषित चुनावी ‘गारंटी’ में कहा गया है कि ‘गृह ज्योति’ के तहत हर महीने 200 यूनिट मुफ्त बिजली, ‘गृह लक्ष्मी’ योजना के तहत परिवार की प्रत्येक प्रमुख महिला को 2,000 रुपये प्रति माह, ‘अन्न भाग्य’ के तहत बीपीएल परिवार के प्रत्येक सदस्य को हर महीने 10 किलोग्राम चावल की पेशकश की जाएगी। इसके अलावा ‘युवा निधि’ के तहत बेरोजगार स्नातकों को प्रति माह 3,000 रुपये तथा डिप्लोमा धारकों को दो साल के लिए 1,500 रुपये प्रति माह दिए जाएंगे।
प्रियंका गांधी ने पूर्व प्रधानमंत्री और अपनी दादी इंदिरा गांधी के चिकमगलूर से चुनाव लड़ने और श्रृंगेरी मठ का दर्शन करने का उल्लेख करते हुए कहा, ‘‘1978 में जब इंदिरा जी यहां आईं थी तो उनके लिए संघर्ष का समय था और आज भी मेरे परिवार के लिए संघर्ष का समय है। उस समय भी आज की तरल बारिश हो रही थी। हम मानते हैं कि यह बारिश भगवान का आशीर्वाद है।’’
प्रियंका गांधी का कहना था, ‘‘इंदिरा जी के खिलाफ भी एक मामला दर्ज करके उन्हें संसद से निकाला गया था। आप लोग उन्हें संसद में वापस लाए और यह विश्वास दिया था कि जनता साथ है। आज उनके पोते राहुल गांधी को उसी तरल से फर्जी मामला दर्ज कर संसद से बाहर निकाल दिया गया है। राहुल गांधी और हमारे पूरे परिवार को विश्वास है कि जनता हमारे साथ खड़ी रहेगी।’’ उन्होंने आरोप लगाया कि कर्नाटक की भाजपा सरकार ने हर स्तर पर जनता का विश्वास तोड़ा है।