जल्द मूर्त रूप लेगा मथुरा-वृन्दावन में रिवर ट्रांसर्पाेटेशन सिस्टम, वृन्दावन से गोकुल तक चलेंगे स्टीमर
मथुरा। मथुरा-वृन्दावन को विश्व स्तरीय शहर बनाने की दिशा में योगी सरकार ने एक कदम और बढा दिया है। बहुत जल्दी ही वृन्दावन से गोकुल तक यमुना में यात्रियों को लाने-ले जाने के लिए स्टीमर चलते दिखाई देंगे।
लखनऊ में गत दिन इस सिस्टम के प्रभावी बनाने के लिए प्रदेश के पर्यटन मंत्री के समक्ष एक कम्पनी द्वारा प्रेजेंटेशन दिया गया। प्रेजेंटेशन के दौरान उ.प्र. बृज तीर्थ विकास परिषद के उपाध्यक्ष शैलजाकान्त मिश्र, मुख्य कार्यपालक अधिकारी नगेन्द्र प्रताप सिंह शासन के पर्यटन आदि विभागों के मुखिया उपस्थित रहे। प्रेजेंटेशन के उपरांत एक इन्टरनेशनल कम्पनी को डीपीआर रिर्पोट बनाने की सैद्धान्तिक सहमति दे दी गई है।
इस संबंध में उ.प्र. बृज तीर्थ विकास परिषद के सीईओ नगेन्द्र प्रताप ने बताया कि यमुना जी में स्टीमर चलने से मथुरा-वृन्दावन में ट्रैफिक लोड काफी कम हो जायेगा। इसके साथ-2 यात्रियों को मथुरा-वृन्दावन की यात्रा पर आने में रोमांच का अनुभव होगा। उन्होंने बताया कि पर्यटन की दृष्टि से मथुरा-वृन्दावन के कुछ महत्वपूर्ण स्थल घनी आबादी में होने के कारण यात्रियों की पहुंच से दूर होते जा रहे है। रिवर ट्रांसर्पाेटेशन प्रारम्भ होने से विश्राम घाट जैसे महत्वपूर्ण स्थानों की उपयोगिता से यात्री लाभान्वित हो सकेंगे।
कन्वैशन सेंटर के साथ बनेगा गेस्ट हाउस
योगी सरकार मथुरा-वृन्दावन, वाराणसी, अयोध्या के सर्वागींण चहुमुंखी विकास के लिए संकल्पबद्ध तरीके से योजनाओं को अंजाम देने में जुटी है। इन तीन स्थानों पर देश-विदेश से भारी संख्या में पर्यटक आते है। उन्हें समुचित सुविधाएँ उपलब्ध कराने के लिए शासन ने मथुरा जिला प्रशासन को कन्वैंशन सेंटर और गेस्ट हाउस बनाने के लिए जमीन तलाशने के निर्देश दिए है। मथुरा-वृन्दावन विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष नगेन्द्र प्रताप के अनुसार वृन्दावन में पवन हंस हैलीपैड के समीप जमीन चयनित की गई है जिस पर कन्वैंशन सेंटर बनाया जायेगा, इसमें एक साथ 1500 व्यक्ति कार्यक्रम कर सकते है। इसके साथ यहीं पर 300 लोगों की क्षमता का एक गेस्टहाउस भी बनाया जायेगा जिसमें यात्रियों को सस्ती दर पर कमरे उपलब्ध हो सकेंगे।

बरसाना, नंदगांव, गोवर्धन, राधाकुण्ड में बनेंगे नये पर्यटक सुविधा केन्द्र
वृन्दावन में सौ-शैय्या अस्पताल के सामने बने पर्यटन सुविधा केन्द्र( टीएफसी) की अपार सफलता के बाद उ.प्र.तीर्थ विकास परिषद ने बरसाना नंदगांव के साथ-2 गोवर्धन में दो स्थानों पर जबकि राधाकुण्ड में एक स्थान पर नये टीएफसी केन्द्र बनाये जाने का फैसला लिया है ।
बरसाना और नंदगांव में अतिशीघ्र पर्यटन सुविधा केन्द्रों के निर्माण पर कार्यवाही प्रारम्भ होने जा रही है। बरसाना में कई एकड जमीन इसके लिए क्रय की जा चुकी है।
नये पर्यटक सुविधा केन्द्र बनाने के बारे में उ.प्र.बृज तीर्थ विकास परिषद के मुख्य कार्यपालक अधिकारी नगेन्द्र प्रताप ने बताया कि मथुरा जनपद के विभिन्न तीर्थ स्थलों के दर्शन के लिए आने वाले लोगों की सुविधा के लिए इनका निर्माण कराया जा रहा है। टीएफसी केन्द्र न होने से गरीब तबके के लोगों को रहने खाने पीने के लिए खुली सड़क जंगल का सहारा लेना पडता है। पूर्व में बसों में भरकर आने वाले लोगों को समूचे वृन्दावन की सडकों पर खाना बनाते देखा जा सकता था । इस दौरान उनको सडकों पर आराम स्नान करना पडता था परन्तु सौ शैया अस्पताल के सामने पर्यटक सुविधा केन्द्र के बनने से यह नजारे अब देखने को नही मिलते।