भ्रष्टाचार में आकंठ तक डूबा मथुरा का जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय

एक माह में खंड शिक्षा अधिकारी के तीन तबादले

मथुरा। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय भ्रष्टाचार में आकंठ तक डूबता ही जा रहा है। शिक्षक और खंड शिक्षा अधिकारियों के उत्पीड़न आम बात है। एक माह के अंतराल में खंड शिक्षा अधिकारी के तीन तबादले, तबादला नीति का उलंघन तो है ही बड़े भ्रष्टाचार की ओर इशारा कर रहा हैं।
गौरतलब है कि जनपद में खंड शिक्षा अधिकारी के पद पर तैनात राज लक्ष्मी पांडेय को 23 जून को डायट प्राचार्य/ प्रभारी बेसिक शिक्षा अधिकारी महेंद्र सिंह यादव ने जिला मुख्यालय से हटाकर पद विहीन करते हुए जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय संबंद्ध किया था, इसके बाद 7 जुलाई को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी दीवान सिंह यादव ने बलदेव से नीतू सिंह को हटाकर राजलक्ष्मी पांडेय को स्थानांतरित कर दिया। 16 जुलाई को फिर राजलक्ष्मी पांडेय को बलदेव से हटाकर नौहझील का अतिरिक्त चार्ज सौंप दिया, नीतू सिंह को पुन: बलदेव दे दिया जो तबादला नीति का घोर उलंघन है। हर हफ्ते स्थानांतरण करने से मुख्यमंत्री संकल्प कैसे पूरे होंगे। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी दीवान सिंह यादव के इस तरह तुगलकी फरमान से भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया जा रहा है। नए बीएसए के आदेशों को लेकर तरह तरह की चर्चाए है।