मथुरा/ फिरोजाबाद। दिल्ली से शिकोहाबाद आते समय यमुना एक्सप्रेस-वे पर स्लीपर कोच बस में किशोरी के साथ दुष्कर्म की घटना से सनसनी फैल गई। किशोरी की मां ने दुष्कर्म की तहरीर दी है। पुलिस ने शिकोहाबाद थाने पर बस को रोककर फोरेंसिक यूनिट और डॉग स्क्वॉड की टीम ने जांच की। एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। बताया गया है शिकोहाबाद निवासी महिला अपनी बेटी और बहन की पुत्री के साथ बदरपुर बॉर्डर से स्लीपर बस संख्या यूपी 85 सीटी 0262 में बैठकर घर आ रही थीं। बस के कंडक्टर अंशू और खलासी बबलू ने उन्हें स्लीपर बस के अंदर केबिन में बुलाया। यहां बबलू और अंशू ने उसे शराब का गिलास पीने के लिए दिया। लेकिन उसने नहीं पिया और उसे खिड़की से नीचे फेंक दिया। इस दौरान बस जेवर टोल प्लाजा के समीप पहुंची तभी चालक अनिल ने बस रोक दी और लोगों को फ्रेश होने के लिए कहा।
पीड़िता का आरोप है कि जब वह फ्रेश होने नीचे गई, इसी दौरान अंशू ने उसकी बेटी को केबिन में बुला लिया और उससे दुष्कर्म किया। जब वह बस में आई तो बेटी ने रोते हुए अपने साथ हुई घटना की जानकारी दी। विरोध करने पर बबलू नौहझील के समीप बस से उतर कर भाग गया जबकि अंशू मांट पर उतर कर भाग गया। पीड़िता ने फिरोजाबाद पहुंच कर परिजनों को घटना की जानकारी दी। परिजनों ने बस को प्रतापपुर चौराहे पर रोक लिया और चालक के साथ मारपीट कर दी। इसके बाद चालक बस को लेकर थाने पहुंचा। थाने पर फोरेंसिक और डॉग स्क्वॉड की टीम ने बस में छानबीन की और साक्ष्य एकत्रित किए।
घटना की जानकारी होते ही एसएसपी अशोक कुमार शुक्ल, एसपी ग्रामीण डॉ.अखिलेश नारायण सिंह और सीओ सिरसागंज कमलेश कुमार मौके पर पहुंचे। पीड़िता की तहरीर पर अंशू यादव उर्फ आलोक निवासी लालपुरा दद्दाजी होटल, इटावा को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि बबलू पुत्र रामसिंह निवासी फतेहपुर चकरनगर बकेवर, इटावा की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। स्लीपर बस मथुरा एआरटीओ नम्बर की महाकाल ट्रेवल्स की है।