मथुरा में कलैक्ट्रेट कर्मचारियों ने किया 22 सूत्रीय मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन

मथुरा। कलैक्ट्रेट का नाम कार्यालय जिलाधिकारी से बदल कर जनपद सचिवालय रखने तथा लिपिक संवर्ग के कर्मचारियों को नायाब तहसीलदार के 10 प्रतिशत पदों पर प्रोन्नति देने सहित 22 सूत्रीय मांगों को लेकर पिछले करीब एक वर्ष से विभिन्न स्तर पर ज्ञापन-पत्राचार करने के बावजूद मांगे पूरी न होने पर विगत 16 से 20 अक्टूबर तक वर्क टू रूल के जरिये अपने तेवरों का प्रदर्शन करने के बाद शनिवार को प्रांतीय आव्हान पर पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत कलैक्ट्रेट कर्मचारियों द्वारा उत्तर प्रदेशीय मिनिस्ट्रीरियल कलैक्ट्रेट कर्मचारी संघ के बैनर तले सभी जनपद मुख्यालयों पर एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया गया।
इस अवसर पर मथुरा में समस्त कलैक्ट्रेट कर्मचारी सुबह 11 बजे से सांय 4 बजे तक कार्य से विरत रहे। धरना-प्रदर्शन के पश्चात मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन सौंपने के दौरान संघ के पदाधिकारियों ने आगामी 27 नबंवर तक उपराक्त मांगों के पूरा न होने पर आंदोलन के द्वितीय चरण में 28 नबंवर को राजस्व परिषद उ.प्र. लखनऊ के समक्ष धरना-प्रदर्शन की चेतावनी दी।
धरने की अध्यक्षता मनमोहन तिवारी एवं बशीर अहमद प्रशासनिक अधिकारी द्वारा संयुक्त रूप से की गई एवं संचालन मोहन स्वरूप त्रिपाठी जिला अध्यक्ष द्वारा किया गया। धरना-प्रदर्शन के दौरान दिलीप बगला जिला मंत्री शरद शर्मा प्रवक्ता श्रीमती राधारानी शर्मा श्रीमती हेमलता कुमारी अनुशा वीरपाल सिंह भगवान सहाय कृष्ण गोपाल मोहन सिंह रमेश चंद्र पिंकेश संजीव विशन कुलश्रेष्ठ रघुवीर सिंह ताराचंद ह्रदेश विवेक अभिषेक लोकेश दीपू विवेक उदयवीर माधव गोस्वामी ललित मोहन राजपूत कृष्णा रघुवीर सिंह राधा बल्लभ अशोक सिंह आदि उपस्थित रहे।