बांके बिहारी मंदिर क्षेत्र में दुकानों पर छापेमारी, 664 किलो दूषित पेड़ा नष्ट

मथुरा। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने जनपद में श्रद्धालुओं को शुद्ध खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। जिलाधिकारी सीपी सिंह के निर्देश पर सोमवार को वृंदावन क्षेत्र में विशेष अभियान चलाया गया।
इस दौरान श्री बांके बिहारी मंदिर के आसपास स्थित पेड़ा विक्रेताओं की दुकानों का निरीक्षण किया गया। खाद्य सुरक्षा अधिकारी रीना शर्मा द्वारा पेड़ा के 3 नमूने जांच हेतु लिए गए। वहीं विद्यापीठ चौराहा स्थित दुकानों से खाद्य सुरक्षा अधिकारियों धर्मेंद्र, रामनरेश और मोहर सिंह की टीम ने पेड़ा के 3 नमूने और मिल्क केक का 1 नमूना संग्रहित किया। कुल 7 खाद्य नमूनों को राजकीय खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया है, जिनकी रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। विभाग द्वारा लगातार कार्रवाई के तहत मार्च 2026 में अब तक बांके बिहारी मंदिर क्षेत्र से 12 पेड़ा के नमूने जांच के लिए भेजे जा चुके हैं।
निरीक्षण के दौरान अस्वच्छ परिस्थितियों में रखे लगभग 664 किलोग्राम दूषित पेड़ा को नष्ट कराया गया, जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि जनपद में शुद्ध और सुरक्षित खाद्य पदार्थ सुनिश्चित करने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

खाद्य लाइसेंस नियमों में बड़ा बदलाव
भारतीय खाद्य संरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने 1 अप्रैल 2026 से खाद्य कारोबारियों के लिए नए नियम लागू किए हैं—
अब खाद्य पंजीकरण और लाइसेंस आजीवन/सतत वैध रहेगा
पंजीकरण की सीमा बढ़ाकर ₹1.5 करोड़ वार्षिक टर्नओवर कर दी गई है
₹1.5 करोड़ से ₹50 करोड़ तक के कारोबार पर राज्य लाइसेंस अनिवार्य
₹50 करोड़ से अधिक टर्नओवर पर केंद्रीय लाइसेंस जरूरी