कैबिनेट की मुहर: छाता में 200 करोड़ का इथेनॉल प्लांट, हजारों रोजगार की उम्मीद

लखनऊ । प्रदेश सरकार ने मथुरा जनपद के छाता क्षेत्र को बड़ी सौगात देते हुए करीब 200 करोड़ रुपये की लागत से इथेनॉल प्लांट स्थापना को मंजूरी दे दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव पर मुहर लगते ही क्षेत्र में औद्योगिक विकास और रोजगार को लेकर नई उम्मीदें जाग गई हैं।

प्रस्तावित प्लांट में गन्ने के साथ मक्का और धान से इथेनॉल तैयार किया जाएगा। इसकी वार्षिक उत्पादन क्षमता 3.96 करोड़ लीटर निर्धारित की गई है और यह वर्ष में लगभग 11 महीने संचालित होगा। इसे एक्सटेंशन प्लांट के रूप में विकसित किया जाएगा, जिससे भविष्य में विस्तार की संभावनाएं भी बनी रहेंगी।

छाता क्षेत्र में करीब 19 वर्ष पहले बंद हुई चीनी मिल के बाद यह परियोजना औद्योगिक पुनर्जीवन की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है। सरकार के अनुसार, पूर्व में गन्ना भुगतान की समस्या के चलते मिल बंद हो गई थी, लेकिन अब नई योजना के जरिए क्षेत्र को फिर से औद्योगिक पहचान दिलाने की तैयारी है।

परियोजना के लिए लगभग 96 एकड़ भूमि उपलब्ध है। राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित छाता की लोकेशन और नोएडा एयरपोर्ट से करीब 40 मिनट की दूरी इसे निवेश के लिहाज से और अधिक महत्वपूर्ण बनाती है। यहां गोदाम और अन्य औद्योगिक ढांचे भी विकसित किए जाएंगे।

सरकार का दावा है कि इस प्लांट से स्थानीय स्तर पर हजारों लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार मिलेगा। साथ ही भविष्य में गन्ने की उपलब्धता बढ़ने पर यहां शुगर फैक्ट्री और ऊर्जा प्लांट स्थापित करने की भी योजना है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा इसी वर्ष प्लांट का शिलान्यास किए जाने की संभावना जताई जा रही है।