मथुरा में अब ग्राम पंचायत क्षेत्रों में बिना अनुमति कॉलोनी काटना कॉलोनाइजरों को पड़ेगा भारी

मथुरा। जनपद में अब ग्राम पंचायत क्षेत्रों में बिना अनुमति कॉलोनी काटना कॉलोनाइजरों को भारी पड़ने वाला है। बिना एनओसी (अनापत्ति प्रमाण पत्र) के विकसित की गई अवैध कॉलोनियों पर प्रशासन सख्त कार्रवाई करेगा और भारी जुर्माना वसूला जाएगा।
तेजी से बढ़ती जनसंख्या और जमीनों की कीमतों में बेतहाशा वृद्धि के चलते अब बिल्डर व कॉलोनाइजर ग्राम पंचायत क्षेत्रों का रुख कर रहे हैं। कम दामों पर गरीब किसानों से जमीन खरीदकर उस पर कॉलोनियां विकसित की जा रही हैं और फिर प्रति गज के हिसाब से लाखों रुपये में प्लॉट बेचे जा रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि इन कॉलोनियों में न तो सड़क न सीवेज न जल निकासी और न ही कूड़ा प्रबंधन जैसी बुनियादी नागरिक सुविधाएं उपलब्ध हैं।
इस संबंध में जिला पंचायत राज अधिकारी धनंजय जायसवाल ने बताया कि आने वाले दिनों में जनपद की सभी ग्राम पंचायतों को स्पष्ट निर्देश जारी किए जाएंगे कि पंचायत क्षेत्र में बिना एनओसी के किसी भी कॉलोनी को विकसित नहीं होने दिया जाएगा। यदि किसी ने पहले से अवैध कॉलोनी काट रखी है तो उसके खिलाफ पंचायती राज अधिनियम की धारा 37 के तहत कार्रवाई की जाएगी और ग्राम पंचायत शुल्क के रूप में जुर्माना वसूला जाएगा।
उन्होंने स्पष्ट किया कि एनओसी केवल उन्हीं कॉलोनाइजरों को दी जाएगी जो ग्राम पंचायत में पूरा ले आउट प्लान प्रस्तुत करेंगे तथा कॉलोनी में सीवेज डिस्पोजल कूड़ा प्रबंधन सड़क जल निकासी और अन्य आवश्यक नागरिक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था का विवरण देंगे। प्रशासन की इस कार्रवाई से अवैध कॉलोनाइजरों में हड़कंप मच गया है वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में अव्यवस्थित विकास पर अंकुश लगने की उम्मीद जताई जा रही है।