मथुरा में बिजली चोरों पर बड़ा स्ट्राइक: 63 मामलों में FIR , 136 किलोवाट की चोरी पकड़ी
विजिलेंस और विभागीय टीमों ने औरंगाबाद से गोवर्धन तक मारा छापा; हाई लॉस फीडरों पर अभियान रहेगा जारी
मथुरा । जनपद में बिजली चोरी पर नकेल कसने, लाइन लॉस (विद्युत हानि) घटाने और विभागीय राजस्व बढ़ाने के उद्देश्य से दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड ने सोमवार को व्यापक स्तर पर छापामार कार्रवाई की। मुख्य अभियंता (मथुरा क्षेत्र) के निर्देशन में चलाए गए इस विशेष चेकिंग अभियान से बिजली चोरों में हड़कंप मच गया।
विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों की टीमों ने औरंगाबाद, रहीमपुर, कोसी टाउन, कमार, मांट और गोवर्धन क्षेत्रों में सघन जांच अभियान चलाया। वहीं सिहोरा क्षेत्र में विजिलेंस टीम के साथ संयुक्त रूप से दबिश दी गई। जांच के दौरान परिसरों, विद्युत संयोजनों, मीटरों, सर्विस केबल्स और मुख्य लाइनों की बारीकी से पड़ताल की गई।
कुल दर्ज मामले: 63 (विद्युत अधिनियम-2003 की धारा 135 के तहत FIR)
पकड़ी गई बिजली चोरी: 136 किलोवाट विद्युत भार
चेकिंग टीम: एसडीओ सौरभ मिश्रा, एसडीओ महावीर सिंह (गोवर्धन), एसडीओ अजीत सिंह और एसडीओ राहुल चौरसिया सहित अन्य कर्मचारी।
विभागीय अधिकारियों के अनुसार विद्युत चोरी के लिहाज से संवेदनशील इलाकों और हाई लॉस फीडरों को चिह्नित कर यह कार्रवाई की जा रही है। इसका मुख्य उद्देश्य चोरी रोककर ईमानदार उपभोक्ताओं को निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करना है।
विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे बिजली का इस्तेमाल केवल स्वीकृत भार और वैध कनेक्शन के तहत ही करें। कटियामारी या किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।