बड़ी कार्यवाही : 50 लाख रु जमा न करने पर मथुरा में स्टेट बैंक का खाता सीज , प्रॉपर्टी सील
मथुरा। मथुरा वृंदावन नगर निगम विभिन्न करों की वसूली के लिए युद्ध स्तर पर अभियान चलाए हुए हैं। मार्च माह में 10% की छूट की अवधि समाप्त हो जाएगी उससे पूर्व बड़ी संख्या में लोगों द्वारा टैक्स जमा करने की प्रक्रिया की जा रही है। नगर आयुक्त शशांक चौधरी के निर्देश पर नगर निगम की टीम द्वारा भारतीय स्टेट बैंक का खाता और संपत्ति को सीज करने की कार्रवाई की गई है। मुख्य कर निर्धारण अधिकारी शिवकुमार गौतम के अनुसार बैंक की प्रॉपर्टी पर करीब 50 लाख रुपए लंबे समय से बकाया चल रहा है। भवन स्वामी अशोक कुमार से कई बार संपर्क किया गया परंतु वह कोर्ट में केस चलने की बात कह कर टालम टोल करते रहे। नगर आयुक्त ने पूरा प्रकरण संज्ञान में आने के बाद तत्काल स्टेट बैंक का खाता सीज और संपत्ति को सील करने की कार्रवाई के आदेश जारी कर दिए है। नगर निगम की इस कड़ी कार्रवाई से बड़े बकायेदारों में हड़कंप मच गया है।
नगर निगम मथुरा-वृन्दावन द्वारा पुराने बकायेदारों से करों की वसूली की जा रही है। जिन बकायेदारों द्वारा करों का भुगतान नहीं किया जा रहा है उन बकायेदारों के विरूद्ध खाता सीज एवं सम्पत्ति को सील करने की कार्यवाही की जा रही है। इसी क्रम में भा. स्टेट बैंक भवन की मुख्य शाखा के मालिक राकेश कुमार, अशोक कुमार पुत्र रतन लाल अग्रवाल, श्रीमती राजेश्वरी देवी पत्नी रतन लाल अग्रवाल नि. मथुरा पर ग्रहकर रू. 12,54,560/- व जलकर रू. 36,80,437/- कुल 49,34,997/- की बकाया वसूली हेतु नगर निगम अधिनियम 1959 की धारा 504 एवं धारा 506 के अन्तर्गत बिल एवं मांग पत्र जारी करते हुये नियमित रूप से कई बार राजस्व निरीक्षक, कर अधीक्षक एवं कर निर्धारण अधिकारी द्वारा भी धनराशि का भुगतान नगर निगम को नहीं किया गया। उक्त के क्रम में बकायेदारो की किरायेदारी को कुर्क करते हुये सम्बन्धित बैंक को पत्र जारी किया गया है।
नगर आयुक्त शशांक चौधरी द्वारा कर विभाग के सभी अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि पुराने बकायेदारों से तत्काल शत-प्रतिशत करों की वसूली कराना सुनिश्चित करें जिन बकायेदारों के द्वारा करों का भुगतान नहीं किया जा रहा है उन बकायेदारों के विरूद्ध नगर निगम अधिनियम के अनुसार कार्यवाही अमल में लायी जाये।