अखिलेश यादव को स्वामी प्रसाद मौर्य का मानसिक परीक्षण कराना चाहिएः लक्ष्मीनारायण चौधरी
मथुरा। उत्तर प्रदेश के चीनी मिल एवं गन्ना विकास मंत्री लक्ष्मीनारायण चौधरी ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष को उनकी पार्टी के एम एल सी स्वामी प्रसाद मौर्य का मानसिक परीक्षण कराने की सलाह दी है।
सपा नेता के हाल के बयान पर टिप्पणी करने का अनुरोध करने पर मत्री ने कहा स्वामी प्रसाद मौर्य उनके पुराने साथी रहे हैं। जब वे विधायक थे तो मौर्य लोकदल के ब्लाक अध्यक्ष थे। उन्होंने कहा कि कभी कभी ऐसा होता है कि परिस्थितियों के कारण कोई व्यक्ति विक्षिप्त हो जाता है मौर्य संभवतः उसी स्थिति से गुजर रहे हैं इसलिए सपा के अध्यक्ष को स्वामी प्रसाद मौर्य के दिमाग का आगरा – बरेली में परीक्षण कराना चाहिए।
गन्ना विकास मंत्री ने कहा कि उनका मानना है कि नारी की सदैव पूजा की जानी चाहिए। मौर्य ने लक्ष्मी जी पर अशोभनीय टिप्पणी की है जो अनुचित है जिसके लिए उन्हें माफी मांगनी चाहिए।
ज्ञात रहे कि स्वामी प्रसाद मौर्य ने हाल में ही एक पोस्ट डालकर कहा था कि उन्होंने चार, आठ, 16, 20 हाथ के आदमी के बारे में न सुना न देखा है क्योंकि सामान्य बच्चे के दो हाथ, दो पैर, दो आंख, दो कान, दो छेदवाली नाक, सिर और पेट ही देखा है फिर चार हाथों वाली लक्ष्मी कैसे पैदा हो सकती हैं। उन्हेांने यह भी लिखा कि लोग यदि लक्ष्मी की पूजा करते हैं तो उन्हें अपनी पत्नी की भी पूजा करनी चाहिए क्योंकि वह परिवार का पालन पोषण करती हैं और सही अर्थों में वही लक्ष्मी हैं।
पांच राज्यों में हो रहे चुनावों मे भाजपा की स्थिति के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार बन रही है इसमें कोई संदेह नही है।
इसका आधार पूंछने पर उन्होंने कहा कि वास्तव में चुनावों मे ’’मोदी वेव’’ बह रही है क्योंकि मोदी आज विश्व के सबसे बड़े सर्वमान्य नेता हैं तथा उन्होंने देश की जनता विशेषकर गरीबों के लिए जो जन कल्याणकारी योजनाएं चलाईं तथा जिसका लाभ भी उस वर्ग के लोगों को मिला उससे प्रभावित होकर जनता भाजपा के पक्ष में एक तरफा फैंसला करेगी वैसे भी राजस्थान मे तो घोटाले इतने हुए हैं कि कहा नही जा सकता। वहां कानून व्यवस्था नाम की कोई चीज नही है। जहां तक मध्य प्रदेश का सवाल है वहां की 70 प्रतिशत जनता शिवराज सिंह को मामा के नाम से पुकारती है। उन्होंने अपने प्रदेश में इतनी अधिक जनकल्याणकारी योजनाएं चलाईं कि जनता उन्हें भूल नही सकती। व्यक्तिगत रूप से वे बहुत साधारण हैं। उन्होंने कहा कि कुछ समय पहले जब वे गिर्राज जी की परिक्रमा कर रहे थे उनसे कुछ पीछे वे स्वयं ( लक्ष्मीनारायण चौधरी )परिक्रमा कर रहे थे। जब उन्हें शिवराज सिंह के परिक्रमा करने के बारे में पता चला तो वे स्वयं बढ़कर उनके पास गए और कहा कि कम से कम उन्हें परिक्रमा करने की सूचना तो दे दी होती तो मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री का उत्तर था कि धार्मिक कार्यों की सूचना देने की जरूरत नही होती।
उन्होंने कहा कि जहां तक छत्तीसगढ का सवाल है टीवी में कुछ देर पहले ही चिल्लाकर व्यक्ति कह रहा था कि उसने 508 करोड़ की रिश्वत मुख्यमंत्री के आदमियों को दी है।