नवरात्र में शक्ति की मिसाल बनीं मथुरा की मंजू , दुनिया में पुरुषों के वर्चस्व वाली मशीन चलाकर रचा इतिहास

इटली की अत्याधुनिक कंप्यूटर नियंत्रित धातु ढलाई मशीन चलाने में हासिल की दक्षता, देश में करीब दो दर्जन स्थानों पर लगी है मशीन

मथुरा। नवरात्र में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की आराधना के बीच मथुरा की एक ऐसी महिला की उपलब्धि सामने आई है, जिन्होंने अपनी मेहनत, लगन और तकनीकी दक्षता से औद्योगिक क्षेत्र में नई मिसाल कायम की है। एक साधारण कोर ड्रेसर के रूप में अपने करियर की शुरुआत करने वाली मंजू शर्मा आज अत्याधुनिक कंप्यूटर नियंत्रित धातु ढलाई मशीन का कुशलतापूर्वक संचालन कर रही हैं। कंपनी के उपाध्यक्ष दलवीर बिष्ट के अनुसार, देश में करीब दो दर्जन स्थानों पर स्थापित इस मशीन का संचालन करने वाली मंजू शर्मा अकेली महिला हैं। उन्होंने बताया कि दुनिया भर में भी इस मशीन का संचालन आमतौर पर पुरुषों द्वारा किया जाता है। ऐसे में मंजू शर्मा की उपलब्धि मथुरा के लिए गौरव की बात है।

एक्वा प्लम्बिंग्स प्राइवेट लिमिटेड के कोर विभाग में कार्यरत मंजू शर्मा पिछले 15 वर्षों से कंपनी को अपनी सेवाएं दे रही हैं। इस दौरान उन्होंने अपनी मेहनत और दृढ़ इच्छाशक्ति के बल पर लगातार आगे बढ़ने का प्रयास किया। उन्होंने जीडीसी मशीन पर ढलाई संचालक के रूप में काम करने का निर्णय लिया और सफलतापूर्वक इसका संचालन करते हुए तकनीकी दक्षता हासिल की। इसके बाद उन्होंने अपने कौशल को और निखारते हुए इटली की मशीन निर्माता कंपनी आईएमआर द्वारा निर्मित अत्याधुनिक, कंप्यूटर नियंत्रित निम्न दबाव धातु ढलाई मशीन का संचालन भी सीख लिया।

यह मशीन आधुनिक तकनीक पर आधारित है। इसके संचालन के लिए तकनीकी ज्ञान, एकाग्रता, सावधानी और सुरक्षा मानकों का पालन करना आवश्यक है। मंजू शर्मा इन सभी जिम्मेदारियों को कुशलतापूर्वक निभाते हुए गुणवत्तापूर्ण उत्पादों के निर्माण में योगदान दे रही हैं। उनकी कार्यक्षमता, लगन और उत्कृष्ट प्रदर्शन की कंपनी के साथ-साथ मशीन निर्माता कंपनी आईएमआर ने भी सराहना की है।

मंजू शर्मा की सफलता इस धारणा को चुनौती देती है कि जटिल औद्योगिक मशीनों का संचालन केवल पुरुष ही बेहतर तरीके से कर सकते हैं। उनका सफर बताता है कि अवसर, प्रशिक्षण, निरंतर अभ्यास और आत्मविश्वास के बल पर महिलाएं तकनीकी क्षेत्र में भी अपनी अलग पहचान बना सकती हैं। औद्योगिक क्षेत्र में काम करने और आगे बढ़ने का सपना देखने वाली महिलाओं के लिए उनकी उपलब्धि प्रेरणा का स्रोत है।

कंपनी के उपाध्यक्ष दलवीर बिष्ट ने मंजू शर्मा के कार्य और प्रदर्शन पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी उपलब्धि महिलाओं की क्षमता, आत्मविश्वास और मेहनत को दर्शाती है। उन्होंने बताया कि देश में करीब दो दर्जन स्थानों पर स्थापित इस मशीन को मथुरा में एक महिला द्वारा संचालित किया जाना विशेष उपलब्धि है। मंजू शर्मा का सफर यह संदेश देता है कि सीखने की ललक और दृढ़ संकल्प के साथ महिलाएं उन क्षेत्रों में भी सफलता हासिल कर सकती हैं, जहां अब तक पुरुषों का वर्चस्व रहा है।

नवरात्र के अवसर पर मंजू शर्मा की यह उपलब्धि शक्ति, साहस और आत्मनिर्भरता के संदेश को साकार करती है। उन्होंने अपने काम के माध्यम से साबित किया है कि महिला सशक्तीकरण केवल नारों तक सीमित नहीं, बल्कि मेहनत, हुनर और अवसर मिलने पर कार्यस्थल पर हासिल की गई उपलब्धियों में भी दिखाई देता है।