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लेख/सम सामयिकी

क्यों डूब रहे हैं अमरीकी बैंक

-डा. वरिंदर भाटिया- अमरीका के बैंकिंग सेक्टर में मुसीबतों का दखल जारी है। यहां एक के बाद एक नामी बैंक खलास होते जा रहे हैं। हाल ही में अमरीका में एक और नामचीन प्राइवेट बैंक डूब गया। अमीर लोगों की जरूरतों को पूरा करने वाला अमरीका का…
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‘लाल आतंक’ कब तक?

नक्सली दो साल के बाद, छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में ही, एक बड़ा और भयानक हमला करने में कामयाब रहे हैं। हमले में हमारे 10 जवान और एक ड्राइवर ‘शहीद’ हुए हैं। इससे पहले 4 अप्रैल, 2021 को बीजापुर, सुकमा जिले के बॉर्डर पर नक्सली हमले में 22…
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चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) छात्रों के लिए जल्द नया पाठ्यक्रम, 2 वर्ष की होगी आर्टिकलशिप

नई दिल्ली । जल्द ही देशभर के चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) के छात्रों के लिए एक नया पाठ्यक्रम उपलब्ध होगा। इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (आईसीएआई) ने नया पाठ्यक्रम तैयार किया है और इसे अंतिम अंतिम मंजूरी के लिए केंद्र सरकार को…
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डॉलर की सत्ता से मुक्ति का मार्ग

-डा. अश्विनी महाजन- पहले विश्व युद्ध से लेकर अब तक हमने डॉलर की मजबूती देखी है। पहले विश्व युद्ध के बाद मित्र देशों ने संयुक्त राज्य अमरीका को आपूर्ति के बदले सोना देना शुरू किया, जिसके बलबूते अमरीका दुनिया का सबसे बड़ा सोने का भंडार बन…
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14 अप्रैल जयन्ती पर विशेष : जाति प्रथा के विरोधी थे डा.आम्बेडकर

-रमेश सर्राफ धमोरा- भारतीय संविधान के रचयिता डॉ. भीमराव आम्बेडकर का सपना था कि भारत जाति-मुक्त हो, औद्योगिक राष्ट्र बने, सदैव लोकतांत्रिक बना रहे। लोग आम्बेडकर को एक दलित नेता के रूप में जानते है। जबकि उन्होने बचपन से ही जाति प्रथा का…
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अडानी की कंपनियों में मोदी का पैसा?

-सनत जैन- दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली विधानसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बारे में सनसनीखेज आरोप लगाए हैं! इस तरह के आरोप आज तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर लगाने की हिम्मत अन्य किसी की नहीं हुई! केजरीवाल ने…
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श्रीराम नवमी पर विशेष : राम को आत्मसात करने से ही मुक्ति!

-डॉ. श्रीगोपाल नारसन- राम नाम मे अदभुत शक्ति है। रा का बार बार उच्चारण करने से सामान्य से कम रक्तचाप बढ़ जाता है तो म का उच्चारण करने से सामान्य से अधिक रक्तचाप कम हो जाता है, जबकि अगर राम नाम का उच्चारण किया जाए तो रक्तचाप सामान्य रहता…
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आर्थिक मंदी को क्यों नहीं समझ पाए अर्थशास्त्री?

-सनत जैन- सारी दुनिया के देश सबसे बड़ी आर्थिक मंदी के दौर से गुजर रहे हैं। 2008 में लीमैन ब्रदर्स के दिवालिया होने के बाद भी अर्थशास्त्रियों ने कोई सबक नहीं लिया। इंग्लैंड की महारानी ने लंदन स्कूल ऑफ़ इकोनॉमिक्स की एक बैठक में आर्थिक…
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नव संवत्सर : आज से हिंदू नववर्ष विक्रम संवत 2080 शुरू ,जानें इस बार क्या होने वाला है खास

-सुरेश हिन्दुस्थानी- वर्तमान भारत में जिस प्रकार से सांस्कृतिक मूल्यों का क्षरण हुआ है, उसके चलते हमारी परंपराओं पर भी गहरा आघात हुआ है। यह सब भारतीय संस्कृति के प्रति कुटिल मानसिकता के चलते ही किया गया। हिंदू नववर्ष चैत्र माह की…
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संविधान के सामने समलैंगिकता

पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ के सामने एक मानवीय, लैंगिक, प्राकृतिक संबंधों की व्याख्या का मामला है। एक दर्जन से अधिक याचिकाएं विचाराधीन हैं, जिनमें समलैंगिक संबंधों को ‘कानूनी मान्यता’ देने के आग्रह निहित हैं। भारत सरकार ने अपने 56…
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