अनुसंधान पद्धति और सांख्यिकी विषय पर सात दिवसीय कार्यशाला का हुआ शुभारंभ
मथुरा। भारत सरकार की आईक्यूएसी योजना के तहत अमरनाथ गर्ल्स डिग्री कॉलेज मथुरा में ‘ अनुसंधान पद्धति और सांख्यिकी ‘ पर सोमवार से 26 मई तक आयोजित सात दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य प्रतिभागियों को अनुसंधान के क्षेत्र में व्यावहारिक कौशल व मौलिक ज्ञान प्रदान करना है ।
कार्यशाला का उद्घाटन मुख्य अतिथि डॉ. मीनाक्षी वाजपेई गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज मांट, महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ अनिल कुमार वाजपेई, कोऑर्डिनेटर नीता वाजपेई द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। मुख्य अतिथि डॉ मीनाक्षी वाजपेई ने अपने उद्घाटन भाषण में अनुसंधान की जटिलताओं पर प्रकाश डाला और उपस्थित लोगों को अध्ययन के उद्देश्यों को प्रभावी ढंग से परिभाषित करने के बारे में मार्गदर्शन किया। प्राचार्य डॉ अनिल कुमार बाजपेई ने अनुसंधान अकादमिक लेखन के एक आवश्यक पहलू व संदर्भ की बारीकियों को समझाया साथ ही यह भी बताया कि अनुसंधान आधारित शिक्षा देश को मौजूदा संकट से बाहर निकालने में मदद कर सकती है।
मुख्य वक्ता डॉ रवीश शर्मा ने प्रतिभागियों को शोध की मूल बातें विभिन्न प्रकार के शोध डेटा के प्रकार और सर्वे विश्लेषण अनुसंधान समीक्षा के महत्व और शोध में साहित्यिक चोरी के मुद्दे पर प्रकाश डाला। साथ ही बताया पिछली एक सदी में अनुसंधान ने समाज को कई लाभ पहुंचाए हैं लेकिन अनुसंधान केवल लाभ के बारे में ही नहीं है बल्कि यह सोचने का एक तरीका भी प्रदान करता है। इसके बाद डॉ आर के अग्रवाल डॉ राजेश अग्रवाल व डॉ आशीष कुमार शर्मा ने अपने तर्क रखे। वर्कशॉप का संचालन कनिका अग्रवाल ने किया। वर्कशॉप में महाविद्यालय की प्रोफेसर डॉ सरिता शर्मा रोहित वाजपेई शैलजा चौधरी डॉ निर्मल वर्मा डॉ रचना दीक्षित डॉ आर पी पाठक डॉ मनोरमा कौशिक नूतन देहर आदि उपस्थित रहे।