यूपी की जनता का अरबो रु डकारने वाली पर्ल-सहारा कम्पनियो के खिलाफ भाजपा सरकार क्यूँ नहीं करती कार्यवाही : प्रदीप माथुर
मथुरा। पूर्व विधायक प्रदीप माथुर ने भाजपा सरकार पर आरोप लगाया है कि प्रदेश में लंबे समय से चल रही फर्जी फाइनेंस कंपनियो के खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की जा रही। प्रदेश के भोले लोगों की जेबों पर खुलेआम डाका डालकर यह कंपनियां फल फूल रही है किंतु *सबका विकास सबका साथ* नारा देने वाली भाजपा की सरकार इस पर अभी तक कोई संज्ञान नहीं ले पाई है यहां तक कि प्रदेश सरकार के इस फर्जीवाड़े में उत्तर प्रदेश के कितने लोगों के पैसे फंसे हुए है इसकी कोई सूची अभी तक उपलब्ध नहीं है प्रदेश के लोगों के साथ किए गए इस लूट खसोट के कुछ बड़े मामले हैं। पूर्व विधायक ने पत्रकार वार्ता में बताया कि पर्ल कंपनी ने लोगों से गलत तरीके से 18 सालों में अपने चलाए गये गोरख धंधे में 60 हजार करोड़ की राशि अवैध सामूहिक निवेश योजना(सी आई एस) के जरिए जुटाई बाजार में नियामक “ए सीबीआई” के अनुसार 31 मार्च 2021 तक पर्ल कंपनी द्वारा पीएसीएल की 127 लाख से अधिक निवेशकों की लूटी गई लगभग 10,000 करोड़ों में से अब तक केवल 438 करोड़ ही वापस मिल पाए हैं आवेदकों के ज्यादातर दावे ₹10000 तक के ही है अभी भी इस कंपनी में लोगों का लगभग 9500 करोड़ों रुपया फंसा पड़ा है। इसी प्रकार सहारा ग्रुप ने अपनी दो कंपनियों एसआईआरएसी एल और एस एच आई सी एल के जरिए 225 करोड़ रुपए निवेशकों से करीब 24000 करोड रुपए जुटाए इसके बाद इन पैसों का कैसे और कहां इस्तेमाल किया गया इसका कोई भी रिकॉर्ड नहीं है, इससे पहले नियामक ने 22 अगस्त 2014 को पीएसीएल उसके प्रबंधकों तथा निदेशकों को योजनाएं बंद करने और निवेशकों का पैसा 3 महीने के भीतर लौटाने का निर्देश दिया था जिसका अनुपालन अभी तक नहीं हुआ है एसबीआई ने जांच शुरू की तो सामने आया कि एस आई आर ई सी एल आर एस एच आई सी एल दे लगभग ढाई करोड़ लोगों से ₹24000 खट्टा किए थे ए सीबीआई की जांच में पता चला कि सहारा के कई निवेशक फर्जी थी बाकी कंपनियों से दूर दूर तक इनका कोई नाता नहीं था इन निवेशकों में ज्यादातर निवेशक उत्तर प्रदेश के हैं जिन्होंने बेहतर रिटर्न के लिए सहारा में इन्वेस्ट किया हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट ने एस ईबीआई के दखल के बाद भी अभी तक आम लोगों के हाथ खाली हैं।
पूर्व विधायक ने सरकार से इस बारे में कड़ी कार्यवाही करने की मांग की है। पत्रकार वार्ता के दौरान कांग्रेस नेता आबिद हुसैन अध्यक्ष महानगर कांग्रेस कमेटी मदन मोहन शर्मा राकेश यादव मौजूद रहे।