मथुरा। आगरा-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर रैपुरा जाट के समीप कैंटर में लदे सात करोड़ रुपए की कीमत के मोबाइल फोन की लूट हो गई। घटना पांच अक्टूबर की बताई जाती है। ओप्पो मोबाइल कंपनी ने सात करोड़ के मोबाइल फोन ग्रेटर नोएडा से बेंगलुरू भेजे थे। बदमाश चालक को बंधक बनाकर केंटर में भरे सात करोड़ रुपए की कीमत के मोबाइल फोन लूटकर फरार हो गए । एडीजी आगरा जोन राजीव कृष्ण के आदेश पर फरह थाने में रिपोर्ट दर्ज होते ही मथुरा के पुलिस अधिकरियों के होश उड़ गये। घटना के खुलासे को पुलिस टीम लगा दी गयी। पांच अक्टूबर की इस घटना के बारे में ओप्पो मोबाइल फोन के मैनेजर ने फरह (मथुरा) थाने में शुक्रवार को रिपोर्ट दर्ज कराई है। मथुरा पुलिस इस मामले में अब मध्य प्रदेश पुलिस से सम्पर्क कर रही है।
ओप्पो कंपनी के मैनेजर सचिन मानव ने दर्ज कराई रिपोर्ट में कहा है कि फर्रुखाबाद जिले के मानिकपुर गांव निवासी चालक मुनीष यादव कैंटर लेकर पांच अक्टूबर की सुबह सात बजे ग्रेटर नोएडा से बेंगलुरू के लिए निकला था। फरह थाना क्षेत्र के ग्वालियर बाइपास से दो लोग सवारी बनकर कैंटर में बैठ गए। पांच अक्टूबर की ही रात करीब 10 बजे बबीना (झांसी) टोल क्रास करने के बाद बदमाशों ने चालक मुनीष के सिर पर चादर डाल दी और तमंचे की बट से प्रहार कर उसको घायल करने के बाद बंधक बना लिया। इन लोगों ने ट्रक चालक मुनीष को मध्य प्रदेश के मानपुर थाना क्षेत्र के गांव सोमरसा जिला श्योपुर में फेंका और ट्रक लेकर भाग गए।
सचिन मानव ने बताया कि कैंटर में रियलमी और ओप्पो कंपनी के 8990 मोबाइल फोन थे। यह बदमाश खाली कैंटर सोमरसा क्षेत्र में ही छोड़कर भाग गए। कैंटर अभी मानपुर पुलिस के कब्जे में है। इस घटना की शुरुआत फरह थाने से होने के कारण मानपुर में रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई। शुक्रवार को सचिन की तहरीर पर पुलिस ने लूट की रिपोर्ट दर्ज की। इस केस के बारे में फरह थाना के एसएसआइ सत्यवीर सिंह ने बताया कि जांच की जा रही है। कोतवाली प्रभारी अवधेश प्रताप सिंह ने बताया कि एडीजी आगरा जोन राजीव कृष्ण के निर्देश पर मोवाईल फोन से भरे केंटर को लूटने वाले बदमाशों के खिलाफ लूट की रिपोर्ट दर्ज की गयी है।