‘तारीख पर तारीख’ की प्रवृत्ति हर हाल में बदले अफसर, जनशिकायतों के निस्तारण में कागजी खानापूरी बर्दाश्त नहीं: सीएम योगी
मथुरा-वृंदावन व बांके बिहारी मंदिर के लिए बने अलग क्राउड कंट्रोल प्लान , त्योहारों पर 24×7 अलर्ट मोड में रहे पुलिस
5 साल से लंबित राजस्व वादों को प्राथमिकता पर निपटाएं, असंतोषजनक निस्तारण वाले जिलों से 5 दिन में मांगा स्पष्टीकरण
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शासन स्तर के वरिष्ठ प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों तथा फील्ड अफसरों के साथ उच्चस्तरीय वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर राजस्व न्यायालयों, जनशिकायतों के समाधान और प्रदेश की कानून-व्यवस्था की गहन समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने दो टूक शब्दों में हिदायत दी कि आमजन की जमीन, संपत्ति और अधिकारों से जुड़े मामलों में ‘तारीख पर तारीख’ देने की ढुलमुल प्रवृत्ति को हर हाल में खत्म किया जाए।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि 05 वर्ष से अधिक पुराने राजस्व मामलों को शीर्ष प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित किया जाए। इसके साथ ही, धारा 33 के तहत आने वाले सभी अविवादित वरासत मामलों को मिशन मोड में चलाकर तुरंत सुलझाया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि आम जनता को तहसील और कचहरियों के चक्कर न काटने पड़ें।
जनता दर्शन और आईजीआरएस प्रणाली के माध्यम से मिलने वाली शिकायतों पर मुख्यमंत्री ने बेहद कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि शिकायतों का निस्तारण सिर्फ कागजी खानापूरी तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि धरातल पर पीड़ित की वास्तविक समस्या का समाधान होना चाहिए। जिन जिलों में गलत या असंतोषजनक निस्तारण की शिकायतें पाई जाएंगी, उनकी पुनः समीक्षा होगी और संबंधित अधिकारियों से 5 दिन के भीतर जवाब-तलब कर जवाबदेही तय की जाएगी।
प्रदेश में कानून-व्यवस्था की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने महिला एवं बाल अपराधों में त्वरित व संवेदनशील कार्रवाई के निर्देश दिए। बैठक में प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार, 13 जुलाई से 23 अगस्त के बीच प्रदेश में गंभीर अपराधों में 5.1% और महिलाओं के खिलाफ अपराधों में 3.9% की उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। सीएम ने जोन व रेंज स्तर पर साप्ताहिक क्राइम एनालिसिस करने और चिन्हित माफियाओं के विरुद्ध सख्त अभियान जारी रखने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने मथुरा-वृंदावन क्षेत्र के लिए व्यापक क्राउड कंट्रोल प्लान तैयार करने तथा श्री बांके बिहारी मंदिर परिसर के लिए पृथक व सुदृढ़ कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए हैं।
गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान उफनती नदियों, जलाशयों और हाईटेंशन तारों को देखते हुए घाटों पर पर्याप्त पुलिस बल, गोताखोरों की तैनाती व विशेष एहतियात बरतने के आदेश देते हुए
गो-तस्करी, अवैध धर्मांतरण और धार्मिक स्थलों से जुड़े संवेदनशील मामलों में पुलिस व खुफिया तंत्र को 24×7 अलर्ट मोड पर रहने की सख्त हिदायत दी हैं।
चित्रकूट, फर्रूखाबाद, अयोध्या, आजमगढ़ एवं बाराबंकी में बाढ़ की स्थिति की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि राहत शिविरों में प्रभावितों को गुणवत्तापूर्ण भोजन और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जाए। साथ ही, बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के सभी अस्पतालों में सांप काटने व रेबीज की दवाओं (एंटी-वेनम व एंटी-रेबीज) की पर्याप्त उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए।