संसद में हंगामा और वास्तविक मुद्दों से भटकती राजनीति
भारत जैसे विशाल लोकतंत्र में संसद केवल कानून बनाने की संस्था नहीं है बल्कि वह राष्ट्रीय चिंतन और जनभावनाओं का सर्वोच्च मंच भी है। यहां होने वाली बहसें और निर्णय देश की नीतियों की दिशा तय करते हैं। इसलिए जब संसद में गंभीर विषयों पर विचार…
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