मथुरा। स्थानीय कृषि उत्पादन मंडी समिति के गल्ला मंडी परिसर के चबूतरा पर अचानक आग लगने करोड़ो रु की सम्पत्ति स्वाहा हो गई। आग इतनी भीषड़ थी कि दमकल की कई गाड़िया घंटो आग पर काबू पाने के लिए जूझती रही। आग की उची लपटे काफी दूर से देखी जा रही थी। घटना बुधवार सुबह 9 बजे करीब की बताई जा रही है। इस आगजनी में जिनका अनाज जला है उनका रो रोकर बुरा हाल है। मंडी सचिव के अनुसार करीब 4 से 5 करोड़ रु का नुक्सान हुआ है परन्तु व्यापारी वर्ग का कहना है कि नुक्सान दस करोड़ रु से अधिक की सम्पति का है। अनाज के साथ कई दुपहिया वाहन भी जलकर नष्ट हो गए है। मौके पर उपजिलाधिकारी आईएएस प्रशांत नागर कानूनगो लेखपाल की टीम के साथ पहुंच गए।
बताया जाता है कृषि उत्पादन मंडी समिति के गल्ला मंडी परिसर के चबूतरा नंबर दो पर बुधवार सुबह अचानक आग लग गई जिसमें किसानों से खरीदा गया हजारों कुंतल अनाज रखा हुआ था। कुछ ही पलों में आग ने भयंकर रूप ले लिया। विकराल लपटों को देखकर मंडी परिसर में अफरा तफरी मच गई। आग लगने की जानकारी लगते ही आढ़त कारोबारी, मंडी प्रशासन के अधिकारी, कर्मचारी और मंडी चौकी पुलिस मौके पर पहुंच गई। उन्होंने दमकल को सूचित कर आग बुझाने की कोशिश की। थोड़ी ही देर में मौके पर पहुंची आधा दर्जन दमकल की गाड़ियां भी आग बुझाने के प्रयासों में जुट गयी है। दमकल कर्मियों ने करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद आग का बुझाया लेकिन तब तक हजारों कुंतल अनाज जलकर राख हो गया। आग से हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। आग लगने का कारण अभी स्पष्ट नहीं हुआ है। पुलिस जांच में जुटी है। चबूतरा पर करीब 40 से 45 दुकानो में जो माल था वह जलकर स्वाहा हो गया । आग लगने से करोड़ों रुपए का अनाज, नगदी, आढ़तियों के बहीखाता और 5 मोटरसाइकिल चलकर राख हो गई। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। हादसे की सूचना पर एसडीएम, मंडी सचिव के अलावा पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंच गये।
मौके पर मौजूद व्यापारी और किसान आग को बुझाने के प्रयास करने लगे लेकिन सूखा हुआ अनाज जलने से आग और विकराल होती गई। कुछ ही पलों में पूरा चबूतरा आग की चपेट में आ गया। मंडी समिति में आग किन कारणों से लगी यह अभी साफ नहीं हैं लेकिन संभावना जताई जा रही है कि आग शार्ट सर्किट की वजह से लगी हो सकती है। इसके साथ ही यह भी हो सकता है कि किसी ने बीड़ी पी कर वहां छोड़ दी हो जिसकी चिंगारी ने आग का रूप ले लिया। डंप पर दीक्षित एंड संस, उमेश शर्मा एंड कंपनी, कैप्टन एंड कंपनी, रामप्रकाश एंड कंपनी, प्रीतम एंड संस, राजवीर सिंह एंड संस, राधिका, रतन सिंह एंड कंपनी, गंगा प्रसाद एंड संस, विष्णु ट्रेडिंग कंपनी, गोरे लाल गिरधारी लाल एंड कंपनी, मोहन सिंह एंड कंपनी, तरकर एंड कंपनी, चौबे जी ट्रेडिंग कंपनी, रामगोपाल एंड कंपनी, मुरारी लाल एंड कंपनी, राम हरि बाबा एंड कंपनी, शिव ट्रेडिंग कंपनी, शिव ट्रेडिंग, द्वारिका एंड कंपनी, रोशन एंड कंपनी, सतीश एंड कंपनी सहित करीब 40 से 45 दुकानों में आग लग गई।
मंडी सचिव राजेंद्र सिंह ने बताया कि सुबह अचानक आग लगने की सूचना मिली। घटना क्षेत्र का एसडीएम प्रंशात नागर ने अपनी तहसील की टीम के साथ निरीक्षण किया। प्रारंभिक तौर पर माना जा रहा है कि बंदरों की लड़ाई में बिजली के तार आपस में जुड़ गए जिससे चिंगारी निकलने के कारण शार्ट सर्किट हो गया और आग लगी। प्लेटफॉर्म नंबर दो पर कुल 40 दुकानें थी सभी दुकानें प्रभावित हुई। वहां गेहूं, धान, सरसों, मूंग आदि चार पांच तरीके के जींस दुकानों पर रखे हुए थे। करीब पांच करोड़ रुपए का नुकसान बताया जा रहा है जबकि दुकानदारो का कहना कि 10 से 15 करोड़ रूपये को नुकसान हुआ है।
मंडी समिति स्थल पर पानी के पॉइंट में नहीं थी जल सप्लाई
मथुरा। फायर ब्रिगेड की टीम को आग बुझाने के लिए वहां मंडी समिति स्थल पर पानी के पॉइंट मिले लेकिन उन में पानी नहीं आ रहा था। मंडी सचिव का कहना है कि 15 दिन से निर्माण विभाग काम कर रहा है अभी भी काम जारी है। उनका कहना है कि प्लेटफॉर्म को भी नुकसान पहुंचा है। प्लेटफार्म नंबर 2 के बारे में जब पूछा गया तो उन्होंने बताया कि मंडी में जगह अभाव के चलते प्रक्रिया का पालन करके इस प्लेटफार्म पर दुकानें दी गई हैं जिनसे मंडी शुल्क भी मिलता है और मासिक किराया भी मिलता है। मंडी सचिव ने माना कि दुकानों पर रहने वाले पल्लेदार व कर्मचारी वहां खाना आदि भी बनाते हैं। कुछ लोग इस वजह से भी आग लगने की बात कह रहे हैं।
पीड़ितों को मुआवजा देने की मांग
मथुरा। मंडी समिति की दुकानों मे लगी आग के पीड़ितों को मुआवजा देने की मांग उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के महानगर अध्यक्ष अजय चतुवेर्दी ने जिला प्रशासन से मांग की है। प्रतिनिधि मंडल के महामंत्री ताराचंद अग्रवाल, बिहारी लाल गुप्ता, संयुक्त महामंत्री सन्तोष चौधरी, राजेश गोयल, कोषाध्यक्ष देवेन्द्र कुमार मीतल, मंडी समिति के अध्यक्ष चौ. भगवान सिंह, उपाध्यक्ष धर्म अग्रवाल, महामंत्री दीनदयाल अग्रवाल, व्यापार मंडल के उपाध्यक्ष मुकेश गुप्ता, शंकरलाल सर्राफ, गिरधारी लाल अग्रवाल, मीडिया प्रभारी अखिलेश मिश्रा, पिन्टू , मंत्री विनोद वोवी, विजेन्द्र गुज्जर, भगतजी ,संगठन मंत्री दीपक अग्रवाल, प्रचार मंत्री शैलेश खन्डेलवाल, मंडी चौराहे के अध्यक्ष चौ कर्णवीर सिंह, महामंत्री प्रदीप चाहर आदि व्यापारी नेता घटना स्थल पर पहुंचे और उन्होंने मंडी समिति के सचिव से मुलाकात कर मंडी समिति मे पानी की व्यवस्था करने की मांग रखी। साथ ही कच्ची दुकानों की जगह पक्की दुकानों बनाने की मांग की। मंडी समिति की मांग को लेकर व्यापार मंडल का प्रतिनिधि मंडल शीघ्र जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल से मिलेगा।