यूपी विधानसभा में सपा विधायकों ने किया तांडव , कार्यवाही स्थागित

लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा में 18वें सत्र के पहले दिन सोमवार को सपा विधायकों ने हंगामा करते हुए योगी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान सपा विधायक हाथ में स्लोगन लिखी तख्ती लेकर महंगाई के खिलाफ आवाज बुलंद करते रहे। किसानों के लिए न्याय की मांग की। हालांकि सीएम योगी ने सदन शुरू होने से पहले विपक्ष से शांति की अपील की गई थी पर सपा विधायकों ने करीब एक घंटे तक प्रदर्शन करते रहे।
विधानसभा सत्र से पहले मुख्यमंत्री योगी ने पत्रकारों से बात करते हुए विधायकों ने कहा कि मैं सभी सदस्यों का स्वागत करता हूं। मैं उनसे राज्य के विकास के लिए अपनी ऊर्जा का उपयोग करने का आग्रह करता हूं। उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि 2022-23 के लिए राज्य का बजट 26 मई को पेश किया जाएगा। सरकार उन मुद्दों पर चर्चा करने और उनका जवाब देने के लिए तैयार है, जिन्हें विधानसभा के सदस्य उठाएंगे। लेकिन सत्र शुरू होते ही समाजवादी पार्टी के विधायक विधानसभा में प्रदर्शन करते दिखे। इससे पहले आजम खान ने विधानसभा सदस्यता की शपथ ली। विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने अपने कक्ष में शपथ दिलाई। आज़म ने मीडिया से बात नहीं की। सपा विधायकों के साथ वह सपा विधानमंडल कार्यालय चले गए।
विधानसभा में सोमवार को बजट सत्र की शुरुआत हंगामे के साथ हुई। सत्र शुरू होते ही सपा विधायकों ने हंगामा शुरू कर दिया। एक घंटे 10 मिनट तक राज्यपाल आनंदीबेन पटेल का अभिभाषण चला। इस दौरान सपा विधायक ‘राज्यपाल वापस जाओ’ के नारे लगाते रहे। सरकार विरोधी, महंगाई और बेरोजगारी के पोस्टर लहराए गए। वेल तक पहुंचकर सपा विधायकों ने हंगामा किया। इसके बाद कार्यवाही मंगलवार को 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया। योगी सरकार 2.0 का यह पहला बजट सत्र है। 6 दिनों तक चलने वाले इस सत्र में सरकार 26 मई को अपना बड़ा बजट पेश करेगी। यह बजट 6.5 लाख करोड़ का होगा।

राज्यपाल के अभिभाषण की बड़ी बातें –
वर्ष 2016 के सापेक्ष 2021 में डकैती के मामलों में 73.94%, लूट में 65.88%, हत्या में 33.95% और रेप में 50.66% की कमी आई।
सरकार की ओर से लगभग 98.88 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
594 किमी लंबी 6 लेन गंगा एक्सप्रेस-वे परियोजना का काम शुरू हो चुका है।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत अब तक 94 हजार कन्याओं का विवाह संपन्न कराया गया है।
आगामी 5 सालों में 2 करोड़ स्मार्ट फोन/टैबलेट वितरित किए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
उत्तर प्रदेश शीघ्र ही पांच इंटरनेशनल एयरपोर्ट वाला देश का एक मात्र राज्य बन जाएगा।
वर्तमान में 186 भू-माफिया जेल में हैं। 4274 लोगों के खिलाफ अतिक्रमण के मामले में कार्रवाई की गई।
पीएम ग्रामीण सड़क योजना से पांच सालों में 3 हजार किमी. से ज्यादा सड़क बनाई गई।
शहीद हुए परिवार को आर्थिक सहायता के लिए 25 लाख से बढ़ाकर 50 लाख कर दिया गया।
राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान कुछ सेकंड के लिए सदन में बिजली गुल हो गई।
बजट सत्र शुरू होने से पहले योगी ने कहा, “गंभीर और प्रभावी बहस के साथ बजट पास हो। यह 2022-23 का बजट रहेगा। 25 करोड़ लोगों के विकास के लिए, गरीबों के कल्याण और समाज के हर वर्ग का बजट में ध्यान रहेगा।” उधर, विधानसभा में सपा विधायक हाथ में सरकार विरोधी स्लोगन के पोस्टर लेकर पहुंचे हैं।

इस बार विधानसभा में भाजपा के 255 विधायक हैं। इसके अलावा उसके सहयोगी अपना दल (सोनेलाल) के 12 और निषाद पार्टी के 6 सदस्य हैं। इस तरह सत्ता पक्ष के कुल 273 विधायक हैं। दूसरी ओर विपक्ष इस बार ज्यादा मजबूत हुआ है। मुख्य विपक्षी दल सपा के 111 विधायक हैं। जबकि उसके सहयोगी राष्ट्रीय लोक दल के 8 और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के 6 विधायक हैं। इस तरह सपा प्लस की कुल विधायक संख्या 125 है।
कांग्रेस और जनसत्ता दल लोकतांत्रिक के 2-2, तो बहुजन समाज पार्टी का एक सदस्य है। विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने विधानमंडल के बजट सत्र से पहले जोर देकर कहा कि पहले सत्र से ही सदन प्रदेश की जनता की आकांक्षाओं को पूरा करेगा।
सोमवार से शुरू हो रहे विधानसभा के बजट सत्र को लेकर भाजपा ने रविवार को विधायक दल की बैठक बुलाई थी। इस दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ सहित भाजपा के सभी विधायक और एमएलसी पहुंचे। इस दौरान यूपी सरकार में मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि हम उम्मीद करते हैं कि बहुत शालीनता के साथ शांतिपूर्ण माहौल में सदन चलेगा।