नशा देश के भविष्य को खोखला कर रहा है : योगेंद्र उपाध्याय
नशामुक्ति प्रतियोगिता के विजेताओं को मिलेंगे एक लाख रुपये तक के पुरस्कार
मथुरा। बीएसए कॉलेज के श्यामा चरण सभागार में भारतीय ज्ञान परंपरा विषय पर आयोजित एक दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी एवं कार्यशाला में प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. योगेंद्र उपाध्याय ने युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए जागरूकता अभियान चलाने पर जोर दिया। उन्होंने नशामुक्ति विषय पर प्रतियोगिता आयोजित करने की घोषणा करते हुए प्रथम पुरस्कार एक लाख, द्वितीय पुरस्कार 50 हजार और तृतीय पुरस्कार 25 हजार रुपये देने की बात कही।
मुख्य वक्ता के रूप में पहुंचे कैबिनेट मंत्री डॉ. योगेंद्र उपाध्याय ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के क्रियान्वयन, भारतीय ज्ञान परंपरा के महत्व और उच्च शिक्षा में किए जा रहे सुधारों पर विस्तार से विचार रखे। उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति का उद्देश्य शिक्षा व्यवस्था को अधिक प्रभावी, व्यावहारिक और विद्यार्थी-केंद्रित बनाना है, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके। भारतीय ज्ञान परंपरा को आधुनिक शिक्षा व्यवस्था से जोड़ना भी समय की आवश्यकता है।
मंत्री ने युवाओं में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति पर चिंता जताते हुए कहा कि नशा देश के भविष्य को खोखला कर रहा है। युवा पीढ़ी को इसके दुष्प्रभावों से बचाने के लिए जागरूकता प्रतियोगिताओं और कार्यक्रमों का लगातार आयोजन किया जाना चाहिए। उन्होंने शिक्षकों से भी इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रत्येक प्रोफेसर कक्षा शुरू करने से पहले कम से कम एक मिनट विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने और नशा छोड़ने के लिए प्रेरित करें। शिक्षकों के छोटे-छोटे प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव लाने में महत्वपूर्ण साबित हो सकते हैं।
संगोष्ठी का उद्देश्य भारतीय ज्ञान परंपरा की प्रासंगिकता, राष्ट्रीय शिक्षा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन और उच्च शिक्षा में सुधार की संभावनाओं पर विचार-विमर्श करना रहा। कार्यशाला में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ विद्यार्थियों के सामाजिक दायित्वों और नशामुक्त समाज के निर्माण जैसे विषयों पर भी चर्चा की गई।
कार्यक्रम में क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी, आगरा राजेश प्रकाश, बीएसए कॉलेज के प्राचार्य डॉ. ललित मोहन शर्मा, डॉ. अनुज गर्ग, डॉ. एस.के. राय, डॉ. सतीश यादव, डॉ. रवीश शर्मा, डॉ. बी.के. गोस्वामी, डॉ. अशोक कुमार कौशिक, डॉ. यू.के. त्रिपाठी, डॉ. रुचि अग्रवाल, डॉ. पल्लवी सिंह, डॉ. टी.पी. सिंह, डॉ. देवेंद्र शर्मा, राकेश चंद्र चतुर्वेदी, डॉ. विवेक शर्मा, डॉ. नवीन ए. और पार्षद कुलदीप पाठक सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।