विघुत विभाग के अवर अभियंताओं के खिलाफ दमनकारी नीति बर्दाश्त नहीं, आंदोलन की दी चेतावनी

​मथुरा। राज्य विद्युत परिषद जे.ई. संगठन ने अपने साथियों के खिलाफ की गई दंडात्मक कार्रवाई पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। उनका कहना है कि विभाग द्वारा उन नौ अवर अभियंताओं (जेई) को निशाना बनाया गया है जो पूरी निष्ठा से अपना कार्य कर रहे थे। इस संबंध में संगठन के पदाधिकारियों ने एसई देहात एस.पी. पांडेय से मुलाकात की और उन्हें अपना मांग पत्र सौंपा।
​उन्होंने ज्ञापन के माध्यम से स्पष्ट किया कि उनके साथियों के विरुद्ध की गई यह कार्रवाई पूरी तरह एकपक्षीय है। उनका आरोप है कि इन अभियंताओं को अपना पक्ष रखने का कोई अवसर नहीं दिया गया और न ही उन्हें किसी प्रकार का पूर्व नोटिस या पत्राचार मिला। संगठन ने मांग की है कि वे इस कार्रवाई को तुरंत निरस्त करें और किसी भी निर्णय से पहले इसकी निष्पक्ष जांच कराएं।
​संगठन के अध्यक्ष राकेश यादव और सचिव सतेंद्र मौर्य ने अपनी बात रखते हुए कहा कि मथुरा क्षेत्र में उनके संवर्ग के खिलाफ शासन की मंशा के विपरीत कार्य किया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द गौर नहीं किया गया, तो वे चुप नहीं बैठेंगे और उन्हें मजबूरन आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ेगा। उनका मानना है कि बिना ठोस साक्ष्यों के ऐसी कार्रवाई करना न्यायसंगत नहीं है और इसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
​ज्ञापन देने वालों में वे सभी पदाधिकारी शामिल थे जिन्होंने अपनी एकजुटता दिखाते हुए अनूप गौर, राहुल साहू और अन्य साथियों के हक में आवाज उठाई।