बड़ी गिरावट से दहला शेयर बाजार, छह लाख करोड़ से अधिक डूबा निवेशको का रुपया

नई दिल्ली। भारतीय शेयर बाजार मंगलवार को बड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ और निवेशकों को एक ही दिन में छह लाख करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान उठाना पड़ा। वैश्विक संकेतों की कमजोरी और टैरिफ को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच बिकवाली का दबाव पूरे बाजार में देखने को मिला।

30 शेयरों वाला BSE Sensex 1068.74 अंक यानी 1.28 प्रतिशत गिरकर 82225.92 पर बंद हुआ। वहीं 50 शेयरों वाला NSE Nifty 50 288.35 अंक यानी 1.12 प्रतिशत टूटकर 25424.65 पर बंद हुआ।

गिरावट केवल बड़ी कंपनियों तक सीमित नहीं रही बल्कि मझोली और छोटी कंपनियों के शेयरों में भी दबाव बना रहा। मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में करीब एक प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई। तेज बिकवाली के कारण निवेशकों की कुल संपत्ति में भारी कमी आई और बाजार पूंजीकरण में बड़ी गिरावट दर्ज की गई।

Geojit Investments Limited के मुख्य निवेश रणनीतिकार वीके विजयकुमार ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता के संभावित प्रभाव के कारण तकनीकी शेयरों में कमजोरी बनी हुई है। भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी कंपनियों के एडीआर में गिरावट यह संकेत देती है कि यह क्षेत्र अभी दबाव में रह सकता है।

उन्होंने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के स्टेट ऑफ द यूनियन संबोधन पर वैश्विक बाजारों की नजर रहेगी और वहां से मिलने वाले संकेत आगे की दिशा तय कर सकते हैं।

वैश्विक व्यापार और भू राजनीतिक घटनाक्रमों को लेकर अनिश्चितता ने निवेशकों के मनोबल को कमजोर किया है। हाल में 10 से 15 प्रतिशत तक के वैश्विक टैरिफ ढांचे की घोषणा के बाद व्यापार युद्ध की आशंकाएं फिर तेज हो गई हैं। इससे वैश्विक आर्थिक वृद्धि और कंपनियों की आय पर संभावित असर को लेकर बाजार में सतर्कता बढ़ गई है।