बांके बिहारी मंदिर हाई पावर्ड मैनेजमेंट कमेटी की बैठक में सुरक्षा ,ऑडिट और सौंदर्यीकरण पर हुए अहम फैसले

सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति अशोक कुमार की अध्यक्षता में 16 एजेंडा व 7 अन्य बिंदुओं पर हुआ विस्तृत मंथन

मथुरा । ठाकुर श्री बांके बिहारी जी मंदिर हाई पावर्ड मैनेजमेंट कमेटी, वृंदावन की 11वीं महत्वपूर्ण बैठक सोमवार को लक्ष्मण शहीद स्मारक भवन के सभागार में संपन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) उच्च न्यायालय इलाहाबाद अशोक कुमार ने की। बैठक में मंदिर की संरचनात्मक सुरक्षा, वित्तीय पारदर्शिता, सुरक्षा व्यवस्था, दान पेटियों (गोलक) की स्थिति, संपत्तियों के संरक्षण, श्रद्धालुओं की सुविधा और सौंदर्यीकरण से जुड़े अहम मुद्दों पर गहन विचार-विमर्श किया गया।

IIT रुड़की रिपोर्ट से लेकर CSR योजनाओं तक बड़े निर्णय, लाइव स्ट्रीमिंग और सोलर लाइट पर सहमति गोलक धनराशि, बैंक लॉकर, ऑडिट प्रगति व मंदिर कॉरिडोर पर रहा विशेष फोकस। बैठक में IIT रुड़की से प्राप्त आंतरिक स्ट्रक्चर सर्वे ऑडिट रिपोर्ट, देहरी पूजन व्यवस्था, राजस्थान कोटा से प्राप्त संपत्तियों की प्रगति, 357 वर्ग गज अर्द्धनिर्मित स्थल के निर्माण, निधिवनराज की सुरक्षा व्यवस्था ठेके पर देने सहित कई बिंदुओं पर चर्चा हुई।
इसके साथ ही गोलकों को खोलने की स्थिति व बैंकों में जमा धनराशि की समीक्षा पीली व सफेद धातु के मूल्यांकन एवं चार्टर्ड एकाउंटेंट द्वारा सूचीकरण
मंदिर ऑडिट कार्य की प्रगति रिपोर्ट।

2018 से GST/IGST जमा न करने वाली सिक्योरिटी कंपनी पर अनुशासनात्मक कार्रवाई का निर्णय लिया गया । वरिष्ठ सहायक लेखाधिकारी की नियुक्ति के अलावा प्रमुख बैंकों के CSR मद से रेलिंग, दैनिक सफाई और सोलर स्ट्रीट लाइट लगाने जैसे प्रस्तावों पर विचार किया गया। बैठक में मीडिया लाइव स्ट्रीमिंग की कार्ययोजना, मंदिर की अन्य संपत्तियों के सौंदर्यीकरण, ASI द्वारा बाहरी सौंदर्यीकरण कार्य, निधिवनराज स्थित ललिता कुंड सर्वे, ई-रिक्शा संचालन, मीठे पानी की पाइपलाइन और RO हेतु निर्बाध जलापूर्ति जैसे विषयों पर भी विस्तृत चर्चा हुई।

बैठक में सदस्य न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) मुकेश मिश्रा, सिविल जज श्रीमती शिप्रा दुबे, जिलाधिकारी/सदस्य सचिव चन्द्र प्रकाश सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार, नगर आयुक्त जग प्रवेश, एमवीडीए उपाध्यक्ष लक्ष्मी एन.जी., ASI आगरा की अधीक्षण पुरातत्वविद् डॉ. स्मिता एस. कुमार सहित राजभोग व शयनभोग सेवायत समूह के प्रतिनिधि शैलेंद्र गोस्वामी श्री वर्धन गोस्वामी आदि उपस्थित रहे।