रिश्वत मांगने के वायरल वीडियो पर एटा के CDO निलंबित

डिप्टी सीएम केशव मौर्य के निर्देश पर कार्रवाई

लखनऊ/एटा।
उत्तर प्रदेश के एटा जिले के मुख्य विकास अधिकारी (CDO) नागेंद्र नारायण मिश्रा को कथित रिश्वत मांगने के वायरल वीडियो के बाद निलंबित कर दिया गया है। इस मामले में उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सख्त रुख अपनाते हुए उनके खिलाफ नियम-7 के अंतर्गत विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
बताया जा रहा है कि सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में CDO नागेंद्र नारायण मिश्रा, जिला समन्वयक संजय/संजीव पचौरी से बातचीत करते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में कथित तौर पर वह प्रत्येक आंगनबाड़ी केंद्र से 10-10 हजार रुपये की व्यवस्था कराने की बात कहते सुनाई दे रहे हैं।

वीडियो वायरल होने के बाद मामला शासन तक पहुंचा। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने इसे गंभीरता से लेते हुए तत्काल जांच के निर्देश दिए। प्रारंभिक स्तर पर आरोपों को गंभीर मानते हुए नागेंद्र नारायण मिश्रा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया और उनके खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी गई है।

सूत्रों के अनुसार वीडियो में जिला समन्वयक ने कथित अवैध वसूली में शामिल होने से इनकार कर दिया था। इसके बाद मामला सार्वजनिक हुआ और सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गया, जिससे प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया। बताया गया कि नागेंद्र नारायण मिश्रा ग्राम्य विकास सेवा (बीडीओ से प्रोन्नत) होकर सीडीओ बने हैं। उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने बताया कि सीडीओ को सस्पेंड कर दिया गया है। उन्हें मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है।

सरकारी सूत्रों का कहना है कि उत्तर प्रदेश सरकार भ्रष्टाचार के मामलों में “जीरो टॉलरेंस” की नीति पर काम कर रही है। इसी के तहत हाल के समय में विभिन्न विभागों के कई अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जा चुकी है।