मथुरा । नौहझील क्षेत्र के गांव कटेलिया बागही में रविवार को देवर-भाभी के बीच हुए विवाद ने गंभीर रूप ले लिया। देवर ने भाभी की गला रेत कर हत्या करने के बाद खुद भी जान देने का प्रयास किया। घायल देवर को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद गांव में कोहराम मच गया। हालांकि अभी तक वारदात के पीछे के कारणों का खुलासा नहीं हो सका है। सूचना पर एसएसपी, एसपी देहात पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गये।
प्राप्त जानकारी के अनुसार रविवार सुबह करीब 8ः30 बजे ज्वाला प्रसाद के 23 वर्षीय पुत्र दीपक का अपनी 20 वर्षीय भाभी करिश्मा पत्नी प्रमोद से किसी बात को लेकर विवाद हुआ। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ा कि दीपक ने धारदार हथियार से करिश्मा का गला काट दिया। इसके तुरंत बाद उसने उसी हथियार से अपना भी गला रेत लिया। लहूलुहान हालत में दोनों को जमीन पर पड़ा देख परिजनों के होश उड़ गए। परिजनों ने आनन-फानन में स्थानीय पुलिस को सूचना दी और दोनों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नौहझील ले गए। वहां डॉक्टरों ने करिश्मा को मृत घोषित कर दिया। वहीं, दीपक की हालत गंभीर होने पर उसे प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल भेजा गया, जहां से डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए आगरा रेफर कर दिया है। दीपक की स्थिति अभी भी नाजुक बनी हुई है। बताया जा रहा है कि भाभी किसी लड़के से फोन पर बात करती थी। इसका देवर विरोध करता था। सुबह इसी बात को लेकर विवाद हुआ था। एसएसपी श्लोक कुमार, एसपी देहात सुरेश चंद्र रावत, सीओ संदीप सिंह और थाना प्रभारी सोनू सिंह ने भारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। फिलहाल हत्या के स्पष्ट कारणों का पता नहीं चल सका है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। अस्पताल के माध्यम से सूचना मिली थी कि गले पर चोट के निशान वाले एक महिला और एक पुरुष भर्ती हुए हैं, जिनमें महिला की मौत हो चुकी है। जांच में पता चला कि दोनों भाभी-देवर हैं। घटनास्थल का निरीक्षण करने पर पाया गया कि साक्ष्य मिटाने की कोशिश की गई थी । घर को साफ कर दिया गया था और खून से सने गद्दे धोकर छत पर डाल दिए गए थे। चूल्हे की राख से एक ब्लेड भी बरामद हुआ है। मृतका के परिजनों से संपर्क कर तहरीर ली जा रही है, जिसके आधार पर मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जाएगी।